Timesharing Operating System Notes in Hindi

Timesharing Operating System Notes in Hindi

Real Time आपरेटिंग सिस्टम क्या होता है जानने के लिए देखें हमारा यह पोस्ट—Real Time Operating System

Time Sharing आपरेटिंग सिस्टम में बहुत से यूजर Terminal की सहायता से एक मुख्य कम्प्यूटर से जुड़े होते है। मुख्य कम्प्यूटर अपने से जुड़े हुए सभी यूजर के प्रोग्राम को बारी-बारी से क्रियान्वित करता है। इसके लिए प्रत्येक यूजर के प्रोग्राम को प्रोसेस होने के लिए थोड़ा समय दिया जाता है जिसे time slice या quantum कहते है। यह time slice या quantum बहुत कम समय micro second (106) का होता है। फिर दूसरे यूजर के कार्य को प्रोसेस किया जाता है।

इसमें यूजर के प्रोसेस को Switch करने का कार्य बहुत ही तेज गति से होने के कारण कार्य में देरी का अनुभव नहीं होता है। यूजर को ऐसा लगता है कि वह अकेले ही सिस्टम पर कार्य कर रहा है। कुछ प्रसिद्ध आपरेटिंग सिस्टम जैसे मल्टी प्रोग्रामिंग, मल्टी टास्किंग एवं मल्टी प्रोसिसिंग में टाईम शेयरिंग तकनीक ही प्रयोग में लायी जाती है। उदाहरण—Mainframe Computers

Timesharing Operating System Notes in Hindi
Fig. Switching of Tasks in Timesharing System

I-Facts (Interesting facts related to Time Sharing Operating Systems)

  1. Time Sharing आपरेटिंग सिस्टम में प्रत्येक यूजर के प्रोग्राम को प्रोसेस होने के दिए गए समय Time Slice या Quantum  का मान बहुत ही कम 1 Micro Second (106 Second) का होता है।
  2. Mainframe कम्प्यूटर एवं Unix आपरेटिंग सिस्टम Time Sharing सिस्टम के उदाहरण है।
  3. Time Sharing सिस्टम में बहुत सारे प्रोग्राम के एक साथ रन होने की स्थिति में मेमोरी प्रबंधन के लिए Swapping का प्रयोग किया जाता है।
  4. Swapping एक ऐसी Memory Management Technique है जिसमें पूरे प्रोग्राम को Main Memory में लोड न करके इसके वर्तमान में क्रियान्वयन के लिए आवश्यक हिस्से को ही मेमोरी में लोड किया जाता है तथा प्रोग्राम का बाकी हिस्सा Disk में ही रहता है।
  5. Batch Processing आपरेटिंग सिस्टम क्या होता है इसका प्रयोग किस कार्य के लिए किया जाता है जानने के लिए यह पोस्ट देखें—Batch Processing Operating System
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I am a computer teacher, programmer and web developer