सॉफ्टवेयर टेस्टिंग कितने प्रकार की होती है- Types of Software Testing in Hindi

What is Software Testing & Its Types in Hindi, सॉफ्टवेयर टेस्टिंग क्या है और यह कितने प्रकार की होती है: Software Testing एक ऐसी methord होती है जिसमे किसी भी प्रोग्राम में error को find किया जाता है। सॉफ्टवेयर टेस्टिंग में यह चेक किया जाता है कि software product अपेक्षित आवश्यकताओं से मेल खाता है या नहीं और इसमें कोई डिफेक्ट तो नहीं है। Software Testing में सॉफ्टवेयर को एक्सीक्यूट किया जाता है और इसमें error, gaps और किसी भी कमी को पहचानने के लिए tools का इस्तेमाल किया जाता है। सॉफ्टवेयर टेस्टिंग में जो tool उपयोग किये जाते हैं वे manual या automated हो सकते हैं। अगर सॉफ्टवेयर टेस्टिंग सफलतापूर्वक पूरी हो जाती है तो यह program या software से सभी error को रिमूव कर देगी।

सॉफ्टवेयर टेस्टिंग के प्रकार- Types of Testing in Hindi

Unit Testing in Hindi

यूनिट टेस्टिंग (unit testing) सॉफ्टवेयर टेस्टिंग में एक ऐसी methord है जिसमे कि software design के small unit को टेस्ट किया जाता है। इस टेस्टिंग में हम किसी भी individual unit और interrelated units के group को टेस्ट करते हैं। यह टेस्टिंग एक प्रोग्रामर द्वारा की जाती है। जिसमें sample input का उपयोग किया जाता है और उसके output को observe किया जाता है।

Example:

इस सॉफ्टवेयर टेस्टिंग में प्रोग्राम के loop, methord और  function को चेक किया जाता है और यह सुनिचित किया जाता है कि वे ठीक से काम कर रहें हैं या नहीं।

इसके अलावा इसमें Incorrect initialization को भी चेक किया जाता है। 

Integration Testing in Hindi

इसमें सभी units और components को एक समूह में combine किया जाता है। और उनको समूह में test किया जाता है। इसका मुख्य उद्देश्य यह देखना होता है कि ये units आपस में एक साथ कार्य कैसे करते हैं। यह टेस्टिंग 4 प्रकार की होती हैं:-

इंटीग्रेशन टेस्टिंग में test की गई यूनिट कॉम्पोनेन्ट को एक group में कंबाइन करके टेस्टिंग की जाती है। । Integration testing में यह देख जाता है कि unit आपस में कैसे काम कर रही है। इसमें unit को group में कंबाइन करके test किया जाता है और output प्राप्त किया जाता है।

Integration testing के 4 प्रकार होते है जो कि निम्न हैं।

  • Top-down
  • (ii) Bottom-up
  • (iii) Sandwich
  • (iv) Big-Bang 
(a) Black Box testing:- यह टेस्टिंग validation के लिए use की जाती है। इस testing में हमinternal working mechanisms को इग्नोरे करते हैं और output पर फोकस करते हैं।
(b) White box testing:- इस टेस्टिंग को verification के लिए use किया जाता है, इसमें हम internal mechanisms पर फोकस करते हैं और यह देखते हैं कि हमें output कैसे प्राप्त होता है. 

Regression Testing in Hindi

इस टेस्टिंग में प्रोग्राम या सॉफ्टवेयर को टेस्ट करते समय एक नया module जोड़ कर बदलाव किये जाते हैं। इस तरह की टेस्टिंग का मुख्य उद्देश्य होता है कि जब सॉफ्टवेयर या प्रोग्राम में कुछ बदलाव दिए जाए तो वह सही तरह से काम करता है या नहीं। Regression Testing में automation testing tools का इस्तेमाल किया जाता है।

Smoke Testing in Hindi

Smoke Testing किसी सॉफ्टवेयर के लिए यह सुनिश्चित करने के लिए की जाती है कि टेस्टिंग के बाद सॉफ्टवेयर आगे की टेस्टिंग के लिए तैयार है या नहीं। Smoke testing एक कन्फर्मेशन होता है कि सॉफ्टवेयर आगे के टेस्ट के लिए तैयार हैं। जब सॉफ्टवेयर टीम एक new build देती है तो testing team उस build को test करती है और यह कन्फर्म करती है कि उसमे कोई Bug या error तो नहीं है। इस टेस्टिंग में minimal set होता हैं जो software के फंक्शन को टेस्ट करते हैं। Smoke Testing आपके समय और मनी को बचाती है।

उदाहरण के लिए जैसे अगर किसी प्रोजेक्ट या सॉफ्टवेयर में 2 module हैं तो module पर जाने से पहले यह टेस्ट किया जाना चहिये

module 1 ठीक से काम कर रहा है या नहीं। 

Alpha Testing in Hindi

अल्फा टेस्टिंग एक तरह की validation testing हॉट है जिसमें प्रोडक्ट को रिलीज़ करने से पहले या कस्टमर को सौपने से पहले error या bugs को identify करने के लिए किया जाता है। आपको बता दें कि इस टेस्टिंग को QA (Quality assurance) team के द्वारा किया जाता है।

Beta Testing in Hindi

बीटा टेस्टिंग में सॉफ्टवेयर को end-user के द्वारा टेस्ट किया जाता है। आपको बता दें कि सॉफ्टवेयर के इस version को limited यूजर के released किया जाता है। जब सॉफ्टवेयर limited यूजर के लिए उपलब्ध होता है तो इसमें bug और error के बारे में पता चलता है और उसके अनुसार यूजर सॉफ्टवेयर पर अपना feedback देते हैं। बीटा टेस्टिंग तब की जाती है जब कि सॉफ्टवेयर बन कर तैयार हो जाता है।

System Testing in Hindi

इस टेस्टिंग में किसी भी सॉफ्टवेयर को अलग-अलग ऑपरेटिंग सिस्टम (operating systems) पर टेस्ट किया जाता है। इस टेस्टिंग को ब्लैकबॉक्स टेस्टिंग के तहत कवर किया गया है। आपको बता दें कि System Testing में सॉफ्टवेयर के internal working पर बिना फोकस किये सिर्फ आवश्यक input और output पर फोकस किया जाता है। इसमें functional और nonfunctional testing शामिल होती है।

Stress Testing in Hindi

यह एक ऐसी टेस्टिंग होती है जिसमे system को प्रतिकूल परिस्तिथितियो में टेस्ट किया जाता है और यह देखा जाता है कि ऐसी condition में सिस्टम कैसा परफॉर्म कर रहा है। इस टेस्टिंग में ऐसी case टेस्ट किये जाते हैं जिनमें बहुत अधिक memory या अधिक disk storage की आवश्यकता होती है। इसके अलावा ऐसे cases भी टेस्ट किये जाते हैं जो virtual operating system में thrashing की वजह बनते हैं।

Performance Testing in Hindi

इस टेस्टिंग को किसी भी सॉफ्टवेयर की run-time performance को test करने के लिए डिज़ाइन किया है। इस testing में software की speed और effectiveness को टेस्ट किया जाता है। Performance को लोड टेस्टिंग (load testing) भी कहा जाता है क्योंकि इसमें यह चेक किया जाता है कि दिए गए लोड में सिस्टम कैसा काम कर रहा है। इस टेस्टिंग में कई processor cycle को टेस्ट किया जाता है।

Object-Oriented Testing in Hindi

यह testing कई सारी testing techniques का combination होती है जो object-oriented software को verify और validate करने में मदद करती है। यह टेस्टिंग निम्न तरीके से की जाती है।

Testing of Requirements,
Design and Analysis of Testing,
Testing of Code,
Integration testing,
System testing,
User Testing।

Acceptance Testing in Hindi 

इस टेस्टिंग को कस्टमर के द्वारा पूरा किया जाता है जिसमें यह चेक किया जाता है कि जिस Product या software को deliver किया गया है वो दिए गये task को सही तरह से परफॉर्म कर रहा है या नहीं।

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