Wireless Application Protocol in Hindi: मोबाइल कंप्यूटर में वायरलेस एप्लीकेशन प्रोटोकॉल (WAP) क्या है

Wireless Application Protocol in Hindi:: (WAP in Hindi): वायरलेस एप्लीकेशन प्रोटोकॉल या WAP वर्ल्ड वाइड वेब (WWW) की अवधारणा के आधार पर एक प्रोग्रामिंग मॉडल या एप्लिकेशन या कम्युनिकेशन प्रोटोकॉल का सेट है, और इसका hierarchical design, TCP/IP प्रोटोकॉल स्टैक डिज़ाइन के समान ही होता है। इस प्रोटोकॉल का इस्तेमाल मुख्य रूप से मोबाइल डिवाइस में होता है। आपको बता दें कि Wireless Application Protocol in hindi को मुख्य रूप से माइक्रो-ब्राउज़र के लिए डिज़ाइन किया गया प्रोटोकॉल है। इस प्रोटोकॉल की मदद से हम किसी भी मोबाइल डिवाइस पर इंटरनेट पर इनफार्मेशन को ट्रान्सफर का सकते हैं। WAP वर्ल्ड वाइड वेब (WWW) के कांसेप्ट पर आधारित है, और इसकी बेकएंड का काम भी भी WWW के समान ही रहता है। लेकिन WAP में मार्कअप भाषा वायरलेस मार्कअप लैंग्वेज (WML) का उपयोग किया जाता है जबकि WWW में HTML को मार्कअप लैंग्वेज के रूप में उपयोग किया जाता है।

WAP की स्थापना 1998 में कुछ दिग्गज IT कंपनी एरिक्सन, मोटोरोला, नोकिया और अनवायर्ड प्लैनेट के द्वारा प्रोटोकॉल के माध्यम से विभिन्न वायरलेस तकनीकों को मानकीकृत करने के लिए WAP फोरम की स्थापना की। WAP मॉडल को डेवलप करने के बाद इसे पूरी विश्व में  वायरलेस प्रोटोकॉल के रूप में स्वीकार किया गया। यह प्रोटोकॉल मोबाइल, पेजर और प्रिंटर जैसी वायरलेस टेक्नोलॉजी पर काम कर सकता है।  WML को XML 1।0 एप्लिकेशन के रूप में परिभाषित किया गया है। इसके बाद साल 2002 में WAP फोरम के विभिन्न सदस्यों के संयुक्त प्रयासों से इसे इंडस्ट्री के अन्य विभिन्न फोरम के साथ मिला दिया गया। इसके बाद जो गठबंधन बनाया गया उसे ओपन मोबाइल एलायंस (OAM) के रूप में जाना जाने लगा। मोबाइल डिवाइस में Web application बनाने की  क्षमता के कारण WAP को डी-फैक्टो मानक के रूप में चुना गया था।

1:-Application layer(WAE)

2:-Session layer(WSP):-WSP(wireless session protocol)

3:-Transaction layer(WTP):-WTP(wireless transaction protocol)

4:-Security layer(WTLS):-WTLS(wireless transport layer security)

5:-Transport layer(WDP):-wireless datagram protocol(WDP)

Wireless Application Protocol in Hindi:

वायरलेस एप्लिकेशन प्रोटोकॉल या WAP मॉडल का कार्य (Working of Wireless Application Protocol in Hindi)

नीचे हमने वायरलेस एप्लिकेशन प्रोटोकॉल model के कार्य को परिभाषित किया है।

आपको बता दें कि WAP मॉडल में 3 स्तर होते हैं जिन्हें Client, Gateway और Origin Server के रूप में जाना जाता है। जब कोई भी मोबाइल यूजर अपने मोबाइल के ब्राउज़र को ओपन करता है और किसी भी वेबसाइट पर जाता है तो मोबाइल डिवाइस Wireless Application Protocol का इस्तेमाल करके एक नेटवर्क के माध्यम से URL एन्कोडेड रिक्वेस्ट को WAP गेटवे पर भेजता है।

User अपने मोबाइल फ़ोन से WAP गेटवे पर जो भी रिक्वेस्ट भेजता है उसे encoding request कहा जाता है। user के द्वारा भेजे गए encoding request को WAP गेटवे के माध्यम से translate किया जाता है फिर उसे फिर इंटरनेट पर पारंपरिक HTTP URL Request के रूप में फॉरवर्ड किया जाता है।

जब request वेब सर्वर तक पहुँचती है तो तो सर्वर request को वैसे ही संसाधित करता है जैसे यह किसी अन्य request को संभालता है और वह WAP गेटवे के माध्यम से मोबाइल डिवाइस Response वापस भेजता है। इसके बाद अंत में यूजर के ब्राउज़र में WML फाइल की अंतिम प्रतिक्रिया देखी जा सकती है।

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